परिसीमन विधेयकों पर संसद में चर्चा के दौरान विपक्ष का तीखा बयान, पढ़े किसने क्या कहा

akhilesh yadav

नई दिल्ली। आज संसद में लोकसभा और राज्यों की विधानसभाओं की सीटों में बढ़ोतरी के लिए परिसीमन विधेयकों पर चर्चा शुरू हो गई। केंद्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने विधेयकों पर चर्चा की शुरुआत की। इससे पहले, लोकसभा स्पीकर ओम बिरला ने बताया कि विधेयक पर हुए मतविभाजन में 251 सांसदों ने इसका समर्थन किया, जबकि 185 वोट विरोध में पड़े। इस बहस की शुरुआत से पहले केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भरोसा दिलाया कि पूरी चर्चा के बाद ही कानून और संविधान में संशोधन किया जाएगा। इसके अलावा, अमित शाह ने यह भी कहा कि जनगणना में जाति के पहलू को लेकर पूरी प्रक्रिया पारदर्शी और संवैधानिक होगी।

गौरव गोगोई का सरकार पर हमला: महिला आरक्षण विधेयक में रुकावटें

लोकसभा में महिला आरक्षण विधेयक पर चर्चा के दौरान कांग्रेस सांसद गौरव गोगोई ने सरकार पर हमला बोला। उन्होंने कहा कि सरकार बार-बार महिला आरक्षण को लागू करने में अड़चनें पैदा कर रही है। गौरव गोगोई ने आरोप लगाया कि यदि 2023 में विपक्ष की बात मानी जाती, तो 2024 तक महिला आरक्षण लागू हो सकता था।

अखिलेश यादव का बयान: समाजवादी पार्टी हमेशा महिला सशक्तिकरण के पक्ष में

समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भी महिला आरक्षण पर अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में पंचायत स्तर पर महिलाओं के लिए सबसे ज्यादा आरक्षण लागू करने का काम उनकी पार्टी ने किया है। अखिलेश यादव ने यह भी दावा किया कि उनकी पार्टी हमेशा महिला सशक्तिकरण के पक्ष में रही है।

इसके अलावा, अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार पर आरोप लगाया कि वह जनगणना को जानबूझकर टाल रही है, खासकर जाति जनगणना के कारण इसे स्थगित किया जा रहा है। उनका कहना था कि सरकार का उद्देश्य आरक्षण को सही तरीके से लागू करने का नहीं है, यही वजह है कि जनगणना में देरी हो रही है।

महिला आरक्षण और परिसीमन विधेयक पर संसद में गरम बहस

लोकसभा और राज्यों की विधानसभाओं की सीटों में बढ़ोतरी के लिए परिसीमन विधेयक, साथ ही महिला आरक्षण विधेयक पर संसद में चल रही चर्चा ने राजनीतिक गर्मी बढ़ा दी है। सरकार के समर्थन में और विपक्ष की आलोचना के बीच यह सवाल उठ रहा है कि क्या सरकार आरक्षण और जनगणना प्रक्रिया में सही तरीके से सुधार करेगी या फिर इसे राजनीतिक लाभ के लिए टालने की योजना है।

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