नई दिल्ली,पश्चिम एशिया से करीब 48 दिनों की अनिश्चितता के बाद Iran ने रणनीतिक रूप से बेहद अहम Strait of Hormuz को वाणिज्यिक जहाजों के लिए पूरी तरह खोलने का ऐलान किया है। इस फैसले से वैश्विक व्यापार और ऊर्जा आपूर्ति पर मंडरा रहा संकट फिलहाल टलता नजर आ रहा है।
ईरान के विदेश मंत्री Seyed Abbas Araghchi ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व में ट्विटर) के जरिए जानकारी देते हुए कहा कि लेबनान में लागू हुए संघर्षविराम समझौते के अनुरूप यह कदम उठाया गया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि अब इस समुद्री मार्ग से सभी वाणिज्यिक जहाजों की आवाजाही बिना किसी बाधा के जारी रहेगी और उन्हें पूर्ण सुरक्षा व स्वतंत्रता दी जाएगी।
Strait of Hormuz दुनिया के सबसे व्यस्त और महत्वपूर्ण समुद्री मार्गों में से एक है, जहां से वैश्विक तेल आपूर्ति का बड़ा हिस्सा गुजरता है। पिछले कुछ हफ्तों में क्षेत्र में बढ़ते तनाव, सैन्य गतिविधियों और संभावित नाकेबंदी की आशंकाओं के चलते अंतरराष्ट्रीय बाजारों में चिंता का माहौल बना हुआ था।
इस जलडमरूमध्य के फिर से खुलने से कच्चे तेल और गैस की आपूर्ति सामान्य होने में मदद मिलेगी, जिससे वैश्विक बाजारों में कीमतों पर स्थिरता आ सकती है। India समेत कई एशियाई देशों के लिए यह फैसला खास मायने रखता है, क्योंकि उनकी ऊर्जा जरूरतों का बड़ा हिस्सा इसी मार्ग से पूरा होता है।
Lebanon में हाल ही में लागू हुए संघर्षविराम के बाद इसे एक महत्वपूर्ण कूटनीतिक कदम माना जा रहा है, जो क्षेत्र में तनाव कम करने के संकेत देता है। हालांकि विश्लेषकों का कहना है कि हालात पूरी तरह सामान्य होने में अभी समय लग सकता है और क्षेत्रीय घटनाक्रमों पर नजर बनाए रखना जरूरी होगा।
फिलहाल, ईरान के इस फैसले से वैश्विक व्यापार और ऊर्जा बाजारों को बड़ी राहत मिली है, वहीं अंतरराष्ट्रीय समुदाय इसे सकारात्मक संकेत के रूप में देख रहा है।

