रायपुर। छत्तीसगढ़ में राजनीतिक आंदोलनों से जुड़े मामलों की वापसी को लेकर बुधवार को मंत्रालय महानदी भवन, नवा रायपुर में प्रकरण वापसी समिति की महत्वपूर्ण बैठक हुई। उप मुख्यमंत्री एवं गृह तथा जेल मंत्री श्री विजय शर्मा की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में विभिन्न जिलों में दर्ज 16 प्रकरणों की प्रकरणवार समीक्षा की गई। समिति ने इनमें से 9 प्रकरणों की वापसी की अनुशंसा की।
बैठक में उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव, महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी रजवाड़े और कृषि मंत्री श्री राम विचार नेताम भी शामिल हुए। इसके अलावा गृह, विधि एवं पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
16 प्रकरणों पर हुई विस्तृत समीक्षा
बैठक में राजनीतिक आंदोलनों से संबंधित 16 मामलों की वर्तमान स्थिति पर विस्तार से चर्चा की गई। इनमें 8 लंबित प्रकरण भी शामिल थे। समिति की समीक्षा के बाद 9 मामलों में नियमानुसार वापसी की अनुशंसा की गई, जबकि 2 प्रकरणों को पुनर्विचार के लिए संबंधित जिलों में भेजा गया।
वहीं, शेष मामलों की समीक्षा के दौरान समिति को ये प्रकरण राजनीतिक आंदोलनों से संबंधित नहीं पाए गए। इसलिए इन मामलों को समिति ने अस्वीकृत कर दिया।
लंबित मामलों में तेजी लाने के निर्देश
समिति ने पूर्व में अनुशंसित लेकिन लंबित प्रकरणों की वर्तमान स्थिति की भी जानकारी ली। अधिकारियों से इन मामलों में नियमानुसार आगे की कार्रवाई और अब तक हुई प्रगति के बारे में जानकारी ली गई।
उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने राजनीतिक प्रकरणों की वापसी से जुड़े मामलों की प्रकरणवार समीक्षा करते हुए आवश्यक प्रक्रियाओं को नियमानुसार आगे बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने न्यायालय में लंबित प्रकरणों को भी त्वरित गति से आगे बढ़ाने और मामलों की नियमित समीक्षा सुनिश्चित करने को कहा।
बैठक में प्रमुख सचिव गृह सुश्री निहारिका बारीक, प्रमुख सचिव विधि श्री मनीष ठाकुर, गृह सचिव श्रीमती नेहा चंपावत, डीजीपी श्री अरुण देव गौतम सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

